Rewa: दो महीने से जला ट्रांसफॉर्मर, ग्रामीणों ने लगाए आरोप
Rewa के बीरखाम की साकेत बस्ती में दो महीने से जला ट्रांसफॉर्मर। ग्रामीणों का आरोप—जेई पैसा मांग रहा है। सिंचाई और पढ़ाई प्रभावित, आंदोलन की चेतावनी।

Rewa जिले के बीरखाम स्थित साकेत बस्ती में बिजली संकट लगातार गहराता जा रहा है। यहां लगा 25 KVA का ट्रांसफॉर्मर करीब दो महीनों से जला पड़ा है और आज तक बदला नहीं गया। लंबे समय से ग्रामीण अंधेरे में जिंदगी गुजार रहे हैं।
शिकायतें कीं, लेकिन समाधान नहीं
ग्रामीणों का कहना है कि उन्होंने कई बार बिजली विभाग में शिकायत दर्ज कराई, लेकिन विभाग की ओर से कोई कार्रवाई नहीं हुई। लगातार मांग के बावजूद ट्रांसफॉर्मर बदलने की प्रक्रिया शुरू नहीं की गई।
जेई पर पैसे मांगने के आरोप
स्थानीय लोगों का आरोप है कि क्षेत्र के जेई द्वारा ट्रांसफॉर्मर बदलने के बदले पैसों की मांग की जा रही है। ग्रामीणों के मुताबिक उन्हें स्पष्ट शब्दों में कहा गया—
“जब तक पैसे नहीं दोगे, ट्रांसफॉर्मर नहीं बदलेगा।”
सैकड़ों ग्रामीणों ने दिया आवेदन
समस्या से त्रस्त होकर मानवती साकेत, राजवति साकेत, निर्मला साकेत, सुरेश साकेत सहित सैकड़ों ग्रामीण एकजुट होकर आवेदन देने पहुंचे। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि विभाग की लापरवाही के कारण बस्ती में जीवन अस्त-व्यस्त हो चुका है।
किसानों की सिंचाई और बच्चों की पढ़ाई प्रभावित
बिजली न होने से किसानों की फसलें सूखने की कगार पर हैं। मोटर नहीं चल पाने से खेतों में सिंचाई लंबे समय से ठप है।
बच्चों की पढ़ाई भी प्रभावित हो रही है—रात में अंधेरे के कारण बच्चे पढ़ाई नहीं कर पा रहे हैं।
लापरवाही पर सरकार से नाराज़गी
ग्रामीणों ने कहा कि मोहन सरकार में इस तरह की लापरवाही और कथित भ्रष्टाचार से गरीब, मजदूर और किसान वर्ग की मुश्किलें और बढ़ रही हैं। ग्रामीणों के मुताबिक बिजली विभाग का रवैया बेहद निराशाजनक है।
ग्रामीणों ने दी आंदोलन की चेतावनी
ग्रामीणों ने शासन-प्रशासन से मांग की है कि तत्काल ट्रांसफॉर्मर बदला जाए और संबंधित अधिकारियों पर कार्रवाई की जाए।
उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि जल्द सुनवाई नहीं हुई तो वे बड़े आंदोलन के लिए मजबूर होंगे।



