Rewa में 6 करोड़ की धोखाधड़ी का मामला:एक आरोपी गिरफ्तार,पुलिस ने खोला बड़ा फर्जीवाड़ा
रीवा (Rewa) में श्रीजी इंफ्रास्ट्रक्चर इंडिया प्राइवेट लिमिटेड से 6 करोड़ 09 लाख रुपये की धोखाधड़ी मामले में पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया। फर्जी हस्ताक्षर और forged ट्रांजैक्शन के जरिए रकम गबन की गई थी। पूरा मामला पढ़ें।

श्रीजी इंफ्रास्ट्रक्चर इंडिया प्राइवेट लिमिटेड (Shreeji Infrastructure India Private Limited) से 6 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के मामले में रीवा (Rewa) पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस अधीक्षक रीवा शैलेन्द्र सिंह चौहान के निर्देश पर यह कार्रवाई की गई।
कंपनी के बैंक खातों से फर्जी ट्रांजैक्शन
मामले की जांच से पता चला कि कंपनी के डायरेक्टर संजय सिंह के फर्जी हस्ताक्षर कर बड़े पैमाने पर रकम निकालने का खेल चल रहा था।
उद्योगपति विपिन सिंह ने मामला दर्ज कराते हुए बताया कि 2018 से अगस्त 2025 के बीच कंपनी के खातों से कई बार संदिग्ध लेनदेन किए गए।
फर्जी चेक बुक और साइन के जरिए रकम गबन
मुख्य आरोपी अतुल पाठक पर आरोप है कि उसने कंपनी श्रीजी इंफ्रास्ट्रक्चर इंडिया प्राइवेट लिमिटेड (Shreeji Infrastructure India Private Limited) के दस्तावेजों, चेक बुक और डायरेक्टर संजय सिंह के फर्जी हस्ताक्षर तैयार कर चेक, डिमांड ड्राफ्ट और अन्य बैंकिंग तरीकों से रकम अपने परिचितों के खातों में ट्रांसफर की।
फर्जी ट्रांजैक्शन का कुल आंकड़ा पहुँचा —
₹6,09,45,007 /-
पुलिस ने की गहन जांच, मिले कई सबूत
रीवा पुलिस ने आईटी एक्ट और आईपीसी की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर गहराई से जांच की।
तकनीकी टीम ने खाते की गतिविधियों, लेनदेन पैटर्न और डिजिटल सिग्नेचर की जांच कर आरोपी की पहचान की पुष्टि की।
30 लाख का ट्रांजैक्शन पकड़ में आते ही गिरफ्तारी
जांच के दौरान यह भी सामने आया कि आरोपी काशी प्रसाद पाठक (उम्र 70 वर्ष) के खाते में 30 लाख रुपये का ट्रांजैक्शन हुआ है, जो फर्जीवाड़े से जुड़ा पाया गया।
इसी आधार पर पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया।



